मिश्रित व जैविक खेती से बढ़ेगी किसानों की आय : मान सिंह गोंड

Vikash Agrahari

Author | Updated: 06 Jan 2026, 07:37 PM IST | 1 min read
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नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फॉर्मिंग के तहत म्योरपुर में किसान गोष्ठी आयोजित

म्योरपुर/सोनभद्र(विकास अग्रहरि)
म्योरपुर ब्लॉक परिसर स्थित कृषि विभाग के बीज गोदाम प्रांगण में मंगलवार को कृषि विभाग द्वारा नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फॉर्मिंग (एनएमएनएफ) योजना के अंतर्गत किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी का उद्देश्य किसानों को जैविक, प्राकृतिक व मिश्रित खेती के साथ-साथ पशुपालन और मछली पालन के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख मान सिंह गोंड ने कहा कि किसान हमारे समाज और अर्थव्यवस्था की जीवनरेखा हैं। किसानों को स्वाभिमान के साथ जीवन जीने का पूरा अधिकार है। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वे पूरक व मिश्रित खेती को अपनाएं। गेहूं, मटर, सरसों के साथ-साथ जौ, साग-सब्जी का उत्पादन करें। बरसात के मौसम में मोटे अनाज की खेती को बढ़ावा दें और अधिक से अधिक जैविक खेती अपनाने का प्रयास करें। इससे न केवल शुद्ध अन्न मिलेगा, बल्कि किसानों और उपभोक्ताओं दोनों के स्वास्थ्य के लिए भी यह लाभकारी होगा। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में मोटे अनाज और जैविक उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है, जिसका सीधा लाभ किसानों को मिल सकता है।
गोष्ठी में सहायक विकास अधिकारी कृषि रणवीर सिंह एवं सहायक तकनीकी प्रबंधक रमेश कुमार ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि कृषि विभाग किसानों की उत्पादन क्षमता बढ़ाने और आय दोगुनी करने के उद्देश्य से निरंतर जागरूकता अभियान चला रहा है। उन्होंने किसानों को सलाह दी कि वे प्रमाणित बीजों का चयन कर फसल उगाएं और किसी भी प्रकार की समस्या आने पर कृषि विशेषज्ञों से परामर्श अवश्य लें।
इस अवसर पर राहुल, राहुल मौर्य, विकास कुमार, सुनील, अच्छे लाल, मनरूप, संतोष कुमार सहित सैकड़ों किसान उपस्थित रहे। किसानों ने गोष्ठी को उपयोगी बताते हुए प्राकृतिक व मिश्रित खेती अपनाने की इच्छा

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