
सील अस्पताल जाच मे स्वास्थ्य महकमा की लापरवाही
Also Read
फल फूल रहे अस्पताल माफिया
Read Today's E-Magazine
Swipe through the complete digital edition of Urjanchal Tiger right on your screen.
बभनी/सोनभद्र(अजीत पांडेय)
थाना क्षेत्र के बभनी मोड़ पर स्थिति नीरज होम्योहाल पर बड़े पैमाने पर एलोपैथ की दवा बिक्री के ग्रामीणों के शिकायत के बाद स्वास्थ्य विभाग के सह नोडल अधिकारी गुरु प्रसाद ने नीरज होम्योहाल को सील कर दिया था।जिसे सोमवार को होम्योपैथिक विभाग के अधिकारियों ने चालू करा दिया।जानकारी के अनुसार बभनी मोड़ स्थित नीरज होम्योहाल में बड़े पैमाने पर एलोपैथ से इलाज की शिकायत हुई थी जिस पर स्वास्थ्य विभाग के सह नोडल गुरु प्रसाद ने सील कर दिया था।सील होने के चार दिन बाद ही अवैध हॉस्पिटल संचालक ने स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा किए गए सील को तोड़ दिया और पुनः हॉस्पिटल चालू कर दिया ग्रामीणों के विरोध और समाचार पत्रों में खबर प्रकाशन के बाद रविवार को पुनः बंद कर दिया गया।सोमवार को होम्योपैथिक के सीएमओ सुर्यप्रकाश त्रिपाठी जब जाच करने पहुचे तो अस्पताल सील मिला। विभाग के दो तरफा जबाब और कार्यवाही ने विभाग की कार्यवाही पर प्रश्न चिन्ह लगा रहा है। एक तरफ सीएमओ की टीम ने अस्पताल को सील किया और दुसरी तरफ रविवार को अस्पताल खुला रहा। सोमवार की जाच मे पुन खुल गया।दो विभागों की कारगुजारी सामने आ रही है।श्री त्रिपाठी ने बताया कि यहा कोई नर्सिंग होम नही है यह थोक विक्रेता है। फुटकर दवा नही बेच सकते। हालाकि ना ही किसी मरीज का उपचार कर सकते है। अगर किसी की दवा और उपचार की शिकायत मिलता है तो कार्यवाही किया जाएगा।
दो दिन पहले नीरज होम्योहॉल की टूटी थी सील
बभनी।ग्रामीणों की माने तो दो दिन पूर्व ही अस्पताल पर लगी सील को अवैद्य संचालक ने तोड़ दिया था।जिसका जी पी एस फोटो वीडियो ग्रामीणों ने बनाया था बावजूद इसके होम्योपैथिक विभाग के जिला चिकित्सा अधिकारी डाक्टर सूर्य प्रकाश त्रिपाठी ने आन कैमरा हास्यास्पद बयान देकर चौका दिया उन्होंने कहा कि मेरे सामने सील तोड़ी गई है अस्पताल में कुछ भी एलोपैथ की दवा नहीं मिली है।दो विभागो की जाच मे ग्रामीणों के सामने भ्रष्टाचार की पोल खोल कर रख दी। स्वास्थ्य विभाग मे ताला बन्द और खोलने को लेकर कितना बडा खेल चल रहा है यह यहा के लोगों ने देखा।कुछ ग्रामीणों ने नाम न छापने की शर्त पर यहा तक कहा कि इस खेल मे बडे पैमाने पर लेन देन हुआ। विभाग के मुकदमा और महिला के बच्चेदानी निकलने का मामला ठण्डे बस्ते मे दिखाई पडता मिला।